Gudi Padwa 2023: आज यानी 21 मार्च 2023 को चैत्र मास की अमावस्या है। ये संवत 2079 का अंतिम दिन है और धर्म-कर्म के नजरिए से बहुत खास है। ऐसा माना गया है कि इस अमावस्या पर किए गए पूजा-पाठ और मंत्र जप जल्दी सफल हो सकते हैं। वहीं, कल यानी 22 मार्च 2023 से नव संवत (Navratri Kalash Sthapana Vidhi) 2080 शुरू हो जाएगा। तो आइए जानते हैं कि इस खास दिन पर हमें क्या-क्या करना चाहिए।

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चैत्र मास में क्या-क्या करें
- चैत्र अमावस्या पर शाम को तुलसी के पास दीप जरूर जलाना चाहिए।
- सुबह देवी-देवताओं का पूजन करें।
- दोपहर में श्राद्ध और शाम को तुलसी की पूजा करें।
- सुबह घर के मंदिर में बाल गोपाल के साथ ही विष्णु जी और लक्ष्मी जी का अभिषेक करें।
- भगवान को नए वस्त्र अर्पित करें।
- धूप-दीप जलाकर आरत करें।
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शाम को तुलसी के पास जलाएं दीपक
- सुबह तुलसी को जल चढ़ाएं।
- सूर्यास्त के बाद तुलसी के पास दीपक जलाएं।
- ध्यान रखें शाम को तुलसी को स्पर्श नहीं करना चाहिए।
- दीपक जलाकर तुलसी की परिक्रमा करें।
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